Apna Jaadui Sansar Rachne ke 7 Mantra अपना जादुई संसार रचने के 7 मंत्र

दुनिया की Problems से अपना ध्यान हटा लें

Apna Jaadui Sansar Rachne ke 7 Mantra: हम हमेशा सूचनाओं से जुड़े रहना चाहते है। हम जानना चाहते हैं कि हमारे आसपास क्या और कितना बुरा घटित हो रहा है। न जाने क्यों हम इस तरह के ज्ञान से आनन्द प्राप्त होता है। हम अपनी problem पर ज्यादा बात करते है और अपनी खुशियों पर कम चर्चा करते है। अगर हमारे पास चर्चा के लिए कोई problem नही होती तो हम खुद उन्हें तैयार कर लेते है, ताकि हम भी भीड़ में शामिल हो सकें और busy हो सकें।

दुनिया की problem से जुड़कर उसे दूर करने में मदद करना एक बात है और problem से सिर्फ इसलिए जुड़ना कि आप बोर हो रहें है या इसके अलावा आपके पास कोई और काम नही है, अलग बात है। ऐसा करने से न केवल आप अपनी, बल्कि अपने आसपास के लोगों की परेशानी भी बढ़ा रहें है। ऐसे में दुनिया की problem से ध्यान हटायें और अपने लिए बेहतर करने की बात सोचें।

2- भीड़ से अलग हों

   भीड़ का साथ छोड़ दे। हर समय खुद के साथ सच्चे रहने का वादा करें। खुद को वचन दें कि आप कभी अपने आसपास की आवाजों को, खुद को, अपने चुने हुए रास्ते से भटकाने की इजाजत नही देंगे और अपने अंदर की आवाज़, निर्देश और संकेतों को सुनेंगे। अपने विचारों पर विचार करना सीखें, अपने idea तैयार करें और अपने नियम खुद बनाएं। हमेशा याद रखें कि आप अगर भीड़ के पीछे चलेंगे तो भीड़ से आगे निकल नही पायेंगे। आप भीड़ से अलग होना चाहते है तो वह काम करें, जो भीड़ करने से डरती है।

3- अपनी कल्पना का बेहतर इस्तेमाल करें

जॉर्ज कोलराइजर ने अपनी book ‘होस्टेज ऑफ़ टेबल’ में कल्पना की ताकत को बेहतर तरीके से बताया है- कल्पना की ताकत अतुलनीय है। कई बार हम देखतें है कि धावक अकल्पनीय प्रदर्शन कर लेता है। वह ऐसा कैसे कर पाता है? वह अपने future का रचयिता खुद बनता है। नतीजे पाने से पहले वे उसकी कल्पना मन में जगातें है व् लक्ष्य प्राप्ति के लिए प्रयास करतें है।

अपनी कल्पनाशक्ति का इस्तेमाल करें। जो चाहते हैं, उस पर ध्यान केन्द्रित करें, उस दिशा में काम करें। उसे पाने को लेकर उत्साह जगाएं, आनन्द के साथ कर्म करें।

4- अपने Future के सपने को Present मर जियें

यदि आप अपने लिए कोई नया सच बनाना चाहतें है तो आप जो हैं, उस पर यकीन रखें। अपनी जागरूकता बढ़ाएं। आपको वह सारे गुण अपने अन्दर लाने होंगे, जो आप बनने के बारे में सोच रहें है। तब आप future के सपने को वर्तमान में ला सकेंगे। आप यह मान कर चलें कि आपकी इच्छा पूरी हो चुकी है। उस पर सोचें, उसे जियें। कल्पना करें कि आप वह इंसान बन चुके है। जब तक आप वह लक्ष्य हासिल नही कर लेते, तब तक इस सोच को बुलंद तरीके से बरक़रार रखें।

5- अपने अन्दर की आवाज सुनें

मेरा मानना है कि हम सब आत्मा है और हमारा body इनका वाहक है। इसके जरिये हमारी आत्मा दुनिया से संपर्क करती है। हमारी आत्मा के पास हमारा संसार रचने की ताकत है और उसके पास जादू है। यदि हम इस परम शक्तिशाली रचयिता के साथ अपना तालमेल बना सकें और खुद को इसके रास्ते से हटाकर उसे रास्ता तय करने दें तो हमारे लिए इस संसार में कुछ भी असम्भव नही होगा।

6- लक्ष्य प्राप्ति की भावना को महसूस करें

जितना समय आप सोचते, कल्पना करते तथा महसूस करते हुए बिताते हैं कि आपने अपने लक्ष्य को हासिल कर लिया है, उतनी जल्दी आपका सपना साकार होने लगता है और जो आप रचना चाहते है, वह काम करना और भी आसान होता जाता है। जब मैंने अपनी पहली book लिखी मेरे पास कोई idea नही था कैसे उसे प्रकाशित करूंगी, ना ही पता था कि कौन उसे प्रकाशित करेगा।

मैंने मन की आँखों से देखा। मैंने अपने मन में महसूस किया और मुझे पता चल गया कि दुनिया से मेरी book को रूबरू कराने वाले सारे काम खुद-ब-खुद हो जायेंगे। वास्तव में मैंने अपनी diary में लिखा था कि मैं अपनी book दुनिया के सबसे बड़े प्रकाशक से प्रकाशित करवाउंगी। मैंने book लिखनी शुरू की तो मेरे पास दुनिया के सबसे बड़े प्रकाशक का mail आया कि क्या मैं अपनी book उनसे प्रकाशित करवाना चाहूंगी? मुझे लगा मेरे पास जादू करने की ताकत है और मैंने वह कर दिखाया। यह जादू सभी लोगों के पास है।

7- कैसे होगा की चिंता न करें

मैंने यह जाना कि जब आप यह जान लेते है कि आप वास्तव में कौन है और एक बार जब अपने दिमाग का दिल से और body का आत्मा से तारतम्य बना लेतें है तो life आपकी सही रास्तें पर चलने लगती है। आपके life में सही लोग, सही books, सही परिस्थतियाँ आने लगती है। आप पहले यह कैसे होगा की फ्रिक में घुले जा रहे थे तो आप उस कैसे को भूलकर क्या और क्यों पर अपना ध्यान केन्द्रित नही कर पायेंगे। मैंने बता दूँ life आसान है। बेहद आसान। लेकिन भूतकाल, हमारे भय और हमारी सीमाएं इसे कठिन बना देते है।

‘कैसे’ की चिंता न करें। अपने life की कमान अपने हाथ में लें। आप ‘क्या’ चाहते है और ‘क्यों’ चाहतें है, इस पर focus करें। यदि आपकी नीयत अच्छी होगी तो आपके सपने साकार होगें और लोगों का फायदा होगा। यह कैसे होगा, life इसकी चिंता खुद कर लेगी।

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